“मुझे सस्पेंस फ़िल्में पसंद हैं” – अमृता पटकी
0मोजर बेयर इंटरटेनमेंट लिमिटेड और इडीयट बॉक्स की आगामी फिल्म है ”हाइड एंड सीक”. पिछले दिनों इसी फ़िल्म का म्यूजिक रिलीज़ हुआ. इसी अवसर पर फ़िल्म की अभिनेत्री अमृता पटकी
2 जून को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज हुई राजनीति में एक बहुत ही उम्दा संवाद है- ‘राजनीति में फैसले अच्छा या बुरा देखकर नहीं लिए जाते हैं, बल्कि उनकी
मेरा उनसे कोई खून का रिश्ता नहीं था फिर भी मै उनसे बराबर मिलता था घंटो मै उनसे बातें करता था उनको भी अच्छा लगता था मझसे बातें करना। मेरा
हालिया कुछ दिनों पहले एक अजीबो गरीब एफएम का प्रशारण सुना, सुनकर हास्यास्पद भी लगा। क्योंकि जिनके मुंह से सुना वह काफी वल्गर उच्चारण कर रहे थे। हम बात कर
मोजर बेयर इंटरटेनमेंट लिमिटेड और इडीयट बॉक्स की आगामी फिल्म है ”हाइड एंड सीक”. पिछले दिनों इसी फ़िल्म का म्यूजिक रिलीज़ हुआ. इसी अवसर पर फ़िल्म की अभिनेत्री अमृता पटकी
आंकड़ों के लिहाज से देखा जाए तो शाहरूख खान अभिनीत फिल्म ‘माई नेम इज खान’ भारतीय सिनेमा की सबसे कामयाब फिल्म साबित हो सकती है। कुछ महीनों पहले ही डेढ़
उम्मीद थी यह फिल्म अच्छी होगी पर लोगों को उम्मीद से भी ज़्यादा अच्छी लगी. सवाल उठे आखिर ऐसा क्या है इसमें . शायद वो बात जो हर कोई महसूस
एक सफल फिल्म बनाने के लिए चंद मुख्य बिंदुओं पर विशेष ध्यान देता होता है। जैसे अच्छी स्क्रीप्ट, अच्छा डायरेक्टर, बड़ा कलाकार, बड़ी अदाकारा और सबसे बड़ी बात फिल्म में
इस बीच माजिद माजिदी की दो फिल्में देखने को मिली। चिल्ड्रन आफ हैवन और कलर्स आफ पैराडाईस। माजिद माजिदी की फिल्में एक अलग संसार रचती हैं। गांवों का
भारतीय सिनेमा में अपने आवाज़ से जीवनपर्यंत ही किवदंती बन चुके मन्ना डे को 2007 का दादा साहब फाल्के पुरूस्कार देने की घोषणा की गई है। सूचना व प्रसारण मंत्रालय
पार्टी कल्चर से बहुत ज्यादा ताल्लुक ना होने के बावजूद इस पार्टी ने लुभा लिया। 1984 में आई गोविन्’द निहिलानी की फिल्म पार्टी गर्मियों की पहाड़ी ठंडक का अहसास करते हुए देखी। फिल्म वर्तमान साहित्य जगत के पूरे गड़बड़झाले को उस दौर में भले ही कह गई हो पर आज भी सीन बाई सीन सच्चाई वही है। तल्ख ही सही।