कांग्रेस में मेहनत की कोई कद्र नही है
1कांग्रेसियो याद रखो ..कांग्रेस मे तुम्हारी मेहनत की कोई कद्र नही है … वही मुख्यमंत्री थोपा जायेगा जो सोनिया गाँधी के तलवे चाटने वाले मीटर मे सबसे ज्यादा अंक पायेगा
सचिन रमेश तेन्दूलकर को राज्यसभा जाना चाहिए था या नहीं, इस विषय पर चैक-चैराहे से लेकर मीडिया और सोशल मीडिया तक बहस चल रही है। सचिन का निर्णय वाकई चैंकाने
एक महान क्रिकेटर तथा एक महान अभिनेत्री को राज्यसभा की सदस्यता प्रदान करने की कवायद चल रही है। बेशक, दोनों अपने-अपने क्षेत्र के अच्छे फनकार हैं, मगर सांसद बन कर
परिवर्तन की बात करना राजनेताओं और समाजसेवियों में प्रचलित एक फैशन है; पर यह परिवर्तन लोकतन्त्र की मर्यादा में होना चाहिए। यद्यपि वर्तमान चुनाव प्रणाली भी पूर्णतया लोकतान्त्रिक ही है;
कांग्रेसियो याद रखो ..कांग्रेस मे तुम्हारी मेहनत की कोई कद्र नही है … वही मुख्यमंत्री थोपा जायेगा जो सोनिया गाँधी के तलवे चाटने वाले मीटर मे सबसे ज्यादा अंक पायेगा
आशुतोष वर्मा हाल ही में उत्तरप्रदेश प्रदेश सहित पांच राज्यों के चुनाव परिणामों ने देश की राजनीति में भले ही एक भूचाल ला दिया हो लेकिन कुछ विचारणीय प्रश्न
मणीपुर, गोआ, पंजाब, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश सहित 5 राज्यों की विधान सभाओं के चुनाव परिणामों ने इलेक्ट्रॉलिक मीडिया, प्रिंट मीडिया, स्वतंत्र पत्रकार और राजनेताओं सहित सभी को चौंका दिया
चन्द्रशेखर जोशी आने वाले समय मे उत्तराखंड मे राजनैतिक अनिश्चितता का माहौल रहेगा और ये उत्तराखंड के लिये सबसे बड़ी दुःख की बात होगी और सीएम चुनने में कांग्रेस नेताओं
एक साक्षात्कार में मुख्य चुनाव आयुक्त कुरैशी साहब ने कहा है कि भारतीय मतदाताओं को अपने जनप्रतिनिधियों को “वापस बुलाने का अधिकार” नहीं दिया जा सकता- क्योंकि इससे बार-बार “उपचुनाव”
मध्यप्रदेश संगठन के मुखिया प्रभात झा को 2013 का लक्ष्य दिखाई दे रहा है, अर्जुन की भांति ये इस लक्ष्य को अपनी नजरों से एक पल के लिये भी ओझल
विधानसभा चुनाव परिणामों के बारे में कोई एक मत व्यक्त करना कठिन है। पंजाब को छोड़कर सारे परिणाम पूर्व अनुमानों के अनुरुप ही है। हां, समाजवादी पार्टी उ. प्र. में
दो दिन पहले उत्तरप्रदेश, उत्तराखण्ड, पंजाब, गोवा और मणिपुर के विधानसभा के चुनाव परिणाम आए। इनमें से उत्तराखण्ड को छोङकर सभी प्रदेशों की जनता ने स्पष्ट जनादेश दिया, उसके लिए
लोहिया ने कभी इंदिरा गांधी को ‘गूंगी गुड़िया’ कहा था। कवि हृदय पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी ने 1971 युद्ध-विजय से हर्षित संसद में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को ‘दुर्गा
सपा की सायकिल ने अपनी रफ़्तार विपक्ष के गढ़ कहे जाने वाले जिलो में भी बढ़ा दी है वही पूर्व की गोंडा, फैजाबाद दोआब की इटावा एटा की परंपरागत के