भारत के नैतिक पतन के प्रयास
8भारत के नैतिक पतन के सवाल पर कुछ ख़ास तथ्यों को जान लेना उचित रहेगा. पहली बात तो हमको यह जान लेनी चाहिए कि विश्व में सबसे ऊंचे चरित्र का
दुश्मन की गोलियों का हम सामना करेंगे, आजाद ही रहें हैं,आजाद ही रहेंगे । चन्द्रशेखर आजाद नाम नहीं,प्रतीक बन गया है-साहस,शौर्य,संकल्प,देशभक्ति,मिलन सारिता एवं सूझ-बूझ का।ऩि़र्धनता में पले-बढ़े चन्द्रशेखर तिवारी के
बापू आज तुम हमें बहुत याद आ रहे हो.मैं तुम्हें याद करने का कोई दिखावा नहीं करूंगा क्योंकि तुम हमें सचमुच याद आ रहे हो.तुम्हारे जाने के बाद हमने बहुत-से
1985 में दूरदर्शन पर अनेक कलाकारों को मिलाकर बना कार्यक्रम‘देश-राग’ बहुत लोकप्रिय हुआ था। सुरेश माथुर द्वारा लिखित गीत के बोल थे,‘‘मिले सुर मेरा तुम्हारा, तो सुर बने हमारा।’’ उगते
भारत के नैतिक पतन के सवाल पर कुछ ख़ास तथ्यों को जान लेना उचित रहेगा. पहली बात तो हमको यह जान लेनी चाहिए कि विश्व में सबसे ऊंचे चरित्र का
गुरूदेव श्री रामकृष्ण परमहंस की अमर वाणी, ‘‘सभी धर्म सत्य हैं और वे ईश्वर प्राप्ति के विभिन्न उपाय मात्र हैं। ‘‘को आत्म सात् किये हुए स्वामी विवेकानन्द ने शिकागो -अमेरिका
दलितों के साम्राज्यवाद से रिश्ते के प्रश्न पर 1857 याद आता है। ऐसा नहीं है कि दलित समाज हमेशा दया का पात्र था, साम्राज्यवाद के प्रतिरोध की उसकी कोई परंपरा नहीं है।मातादीन भंगी ने सिपाही मंगल
विश्व के कुछ स्थानों पर एक विचारधारा “कम्युनिज्म” देश काल परिस्थिति अनुसार मानी जाती है। जिसका जन्म नास्तिकवाद से हुआ है। जिन देशों का थोडा बहुत भी आध्यात्मिक इतिहास और
फड़ वाचन के ऐसे कार्यक्रम पिछले दो दशकों में अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर खासे प्रसिद्ध हुए हैं।,ज़माना बड़ी तेजी से बदला रहा है लोगों की रुचियों की लिस्ट बहुत तेजी के साथ करवटें लें रही है,कई बार लगता है कि चीजें अपने बस में नहीं रहीं,लम्बी चैड़ी फड़ां को गांवो में जब वाचन के लिये भोपा-भोपी तैयार होते हैं तो वहां का आलम बिल्कुल लोक संस्कृति की असल झलक देने वाला हो जाता है। चैपाल पर एक तरफ फड़ को लगा दिया जाता है और भोपा हाथ में रावणहत्था या सांरगी लेकर बजाते हुए अपनी गीतों भरे संवादों से लोक देवताओं के जीवन खास-खास कहानियाँ सुनाता है।
खाने कमाने के अलावा भी बहुत से काम हैं जिन्दगी में। ऐसे ही विचारों को अपनी रोजमर्रा की जिन्दगी में रपटीली राहों पर जगह देने वाले लोग, कम फीसदी ही
रावण के सम्बन्ध मे भिन्न-भिन्न मत प्रचलित है. दशहरे में जलाया जाने वाला रावण इसी देश में पूजा भी जाता है. वर्तमान सन्दर्भ में कलयुगी और त्रेतायुगी रावण की तुलना
आगरा के निकट एक प्रसिद्द एतिहासिक स्थल फतेहपुर सीकरी है जिसे अकबर द्वारा निर्मित बताया जा रहा है जबकि अनेक ऐतिहासिक साक्ष्य सिद्ध कराते हैं कि अकबर से इसके निर्माण
कश्मीर आज भले ही आतंकवाद, अलगाववाद, धार्मिक कट्टरता के कारण दुनिया के सबसे संवेदनशील स्थानों में से एक माना जाता है। यहां की वादियां भले ही आज खून से लाल
प्रत्येक स्वतंत्र राष्ट्र का अपना एक ध्वज होता है। यह एक स्वतंत्र देश होने का संकेत है। भारतीय राष्ट्रीय ध्वज की अभिकल्पना पिंगली वैंकैयानन्द ने की थी और इसे इसके