Archive for category: कृषिजगत

जीडीपी में कृषि घटता हिस्सा,कहाँ हैं पीएम का अर्थशास्त्र ?

जीडीपी में कृषि घटता हिस्सा,कहाँ हैं पीएम का अर्थशास्त्र ?

1 चाणक्य चिंतन / 2012/02/09 11:46 pm

GDP में कृषि की घटती हिस्सेदारी 1946-47 में  51 % 1960-61 में 47.6 % 1990-91 में 29.5% 2000-01 में 22.3 % 2010-11 में 14.6% सकल घरेलु उत्पाद ( GDP )

किसान विरोधी अर्थव्यवस्था है महंगाई की जिम्मेदार

किसान विरोधी अर्थव्यवस्था है महंगाई की जिम्मेदार

0 मनीष कुमार वत्स / 2012/01/29 11:26 pm

देश में मँहगाई बढ रही है , लोगों का जीना मुश्किल हो गया है , इस तरह की उक्ति हम आये दिन सुनते रहते है | संसद के हर सत्र

ग्रामीण भारत  के  आम जन और उनकी अभिलाषा

ग्रामीण भारत के आम जन और उनकी अभिलाषा

1 अरविन्द विद्रोही / 2011/12/16 7:42 pm

भारत  एक कृषि प्रधान देश है| भारत की बहुसंख्यक आबादी कृषि से ही जुडी है| आज भी भारत की बहुसंख्यक आबादी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष भारत रूप से ग्रामीण जीवन से

कृषि ऋण में व्यापक सुधार की जरुरत

कृषि ऋण में व्यापक सुधार की जरुरत

0 रमेश भट्ट / 2011/12/08 8:47 pm

बजट 2011- 12 में सरकार ने  कृषि  ऋण का लक्ष्य 4.75 लाख करोड़ रखा है। यह पिछले साल के मुकाबले 1 लाख करोड़ ज्यादा है। ऋण खेती की एक बुनियादी

68 % किसानों के बारे में कौन सोचेगा ?

68 % किसानों के बारे में कौन सोचेगा ?

1 मनीष कुमार वत्स / 2011/12/04 11:36 pm

भारत में कृषि की प्रधानता को इस नजरिये से देखा जा सकता है कि यहाँ की लगभग 68 फीसदी आबादी कृषि आधारित संरचना पर निर्भर रहती है , पेट भरने

कृषि पदार्थों में आज भी समृद्ध है बुन्देलखण्ड

0 कुमारेन्द्र / 2011/11/27 12:21 am

जबसे उत्तर प्रदेश सरकार ने बुन्देलखण्ड राज्य के प्रस्ताव की चर्चा की है तबसे बुन्देलखण्ड के लिए संघर्ष कर रहे लोगों के साथ-साथ आम आदमी को भी इस बात का

अधिग्रहित कृषि भूमि किसानों के नाम भू अभिलेखों में वापस दर्ज हो

अधिग्रहित कृषि भूमि किसानों के नाम भू अभिलेखों में वापस दर्ज हो

0 अरविन्द विद्रोही / 2011/06/26 8:06 pm

हमको अपना सामाजिक कर्त्तव्य किस प्रकार निभाना चाहिए और हमारे सामाजिक कर्त्तव्य क्या है ?कौन सा काम किया जाय और किस प्रकार किया जाय की वो समाज के लिए सार्थक

यमुना प्रदुषण पर विशेष टास्क फ़ोर्स का गठन हो |

यमुना प्रदुषण पर विशेष टास्क फ़ोर्स का गठन हो |

1 जयराम "विप्लव" / 2011/04/24 12:25 pm

जीवनदायिनी यमुना 1670 किलोमीटर का विस्तार लिए यमुना नदी भारत में गंगा की सबसे बड़ी सहायक नदी है | पौराणिक कथाओं के अनुसार यमुना जी पवित्रतम नदी होने के साथ-साथ

समय के साथ कदमताल में असफल सोनपुर मेला

समय के साथ कदमताल में असफल सोनपुर मेला

0 ब्रज किशोर सिंह / 2010/12/02 5:16 pm

मैं जब नन्हा-मुन्ना था तो मेरी दीदी मुझे सुलाने के लिए रोजाना एक लोरी गाती-’आ रे निंदिया निन्दरवन से,बौआ अलई नानी घर से,नानी घर बौआ कथी-कथी खाए,साठी के चूड़ा,पुरहिया गाय

खाद्य प्रसंस्करण में बड़े बदलाव की जरुरत

खाद्य प्रसंस्करण में बड़े बदलाव की जरुरत

0 रमेश भट्ट / 2010/11/20 5:18 pm

खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में अब भी बड़ी संख्या में करों की उलझन बना हुआ है | खाद्य क्षेत्र में “कर ढांचे “को और अधिक तर्कसंगत बनाने की सख्त जरूरत